विधायक प्रेमचंद अग्रवाल ने वीरभद्र और शारदा पीठ घाटों का लिया जायजा, अधिकारियों को दी सख्त हिदायत।
ऋषिकेश:- ऋषिकेश विधायक एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री डॉ. प्रेमचंद अग्रवाल ने आज शारदा पीठ (विस्थापित क्षेत्र) एवं वीरभद्र मंदिर के समीप सिंचाई विभाग द्वारा लगभग 6 करोड़ 91 लाख रुपये की लागत से निर्मित घाटों का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, सुरक्षा व्यवस्थाओं एवं आमजन की सुविधाओं का गहनता से जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान डॉ. अग्रवाल के साथ सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता सुरेंद्र श्रीकोटी भी मौजूद रहे। डॉ. अग्रवाल ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि घाटों का निर्माण केवल संरचनात्मक रूप से मजबूत ही नहीं, बल्कि श्रद्धालुओं एवं स्थानीय नागरिकों के लिए सुविधाजनक और सुरक्षित भी होना चाहिए।
वीरभद्र मंदिर के समीप निर्मित घाट का निरीक्षण करते हुए डॉ. अग्रवाल ने विशेष रूप से स्पर के ऊपर चैन (सुरक्षा श्रृंखला) लगाने के निर्देश दिए, जिससे घाट पर आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। इसके साथ ही उन्होंने घाट परिसर में बैठने के लिए बेंच लगाने की भी बात कही, ताकि श्रद्धालु मां गंगा के पावन तट पर बैठकर प्राकृतिक सौंदर्य एवं आध्यात्मिक वातावरण का आनंद ले सकें।
डॉ. अग्रवाल ने कहा कि ऋषिकेश न केवल आस्था का केंद्र है, बल्कि प्राकृतिक सौंदर्य से परिपूर्ण एक महत्वपूर्ण पर्यटन स्थल भी है। ऐसे में घाटों का सुव्यवस्थित और आकर्षक निर्माण क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि घाटों के आसपास स्वच्छता, प्रकाश व्यवस्था और हरित वातावरण को प्राथमिकता दी जाए।
हरेला पर्व के दृष्टिगत डॉ. अग्रवाल ने घाट क्षेत्र में अधिक से अधिक वृक्षारोपण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि हरेला पर्व प्रकृति के संरक्षण और पर्यावरण के प्रति हमारी जिम्मेदारी को दर्शाता है, इसलिए इस अवसर पर अधिक से अधिक पौधे लगाकर पर्यावरण संतुलन को मजबूत किया जाना चाहिए।
इस अवसर पर वीरभद्र मंडल अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह, मंडल महामंत्री पुनीता भंडारी, ओबीसी मोर्चा अध्यक्ष राहुल कश्यप, प्रताप राणा, दीक्षा गुप्ता, ममता सकलानी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
डॉ. अग्रवाल ने अंत में कहा कि प्रदेश सरकार के मार्गदर्शन में ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र में निरंतर विकास कार्यों को गति दी जा रही है और जनता की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए हर परियोजना को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जा रहा है।
