पौड़ी:- जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने बुधवार को जिला कोषागार का अर्धवार्षिक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने डबल लॉक कक्ष, पेंशन अनुभाग, पीपीओ पटल, अभिलेखागार समेत विभिन्न कक्षों का निरीक्षण किया और अभिलेखों, स्टॉक तथा कोषागार परिसर में कराए गए मरम्मत कार्यों की स्थिति देखी।
डबल लॉक कक्ष के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने स्टांप, पैडलॉक, बहुमूल्य पंजिका तथा अधिवक्ताओं को निर्गत किए जाने वाले स्टांप सहित अन्य महत्वपूर्ण सामग्री एवं अभिलेखों का परीक्षण किया। उन्होंने स्वयं स्टांप की गणना कर संबंधित अभिलेखों से मिलान किया। निरीक्षण में अभिलेख एवं भौतिक स्टॉक नियमानुसार और सुव्यवस्थित पाए गए।
पेंशन प्रकरणों के समयबद्ध निस्तारण पर जोर
पेंशन अनुभाग और पीपीओ पटल के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सेवानिवृत्त कर्मचारियों के पेंशन प्रकरणों की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि सेवानिवृत्ति के बाद किसी भी कर्मचारी की पेंशन प्रक्रिया अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रहनी चाहिए।
उन्होंने मुख्य कोषाधिकारी को पेंशन प्रकरणों के त्वरित निस्तारण के निर्देश दिए। साथ ही आहरण-वितरण अधिकारियों के स्तर पर लंबित मामलों की अद्यतन स्थिति प्राप्त कर आईएफएमएस में लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा करने को कहा।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि लंबे समय तक पेंशन प्रकरण लंबित रखने वाले संबंधित विभागों की जिम्मेदारी तय की जाए और नियमानुसार नोटिस जारी करने की कार्रवाई की जाए।
पेंशन सेल से मिलेगा सेवानिवृत्त कर्मचारियों को समाधान
जिलाधिकारी ने कोषागार में गठित पेंशन सेल की जानकारी लेते हुए पेंशन संबंधी शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि पेंशन अथवा अन्य भुगतान से संबंधित समस्या होने पर सेवानिवृत्त कर्मचारी पेंशन सेल से treasurypaurippo@gmail.com पर संपर्क कर सकते हैं।
उन्होंने कहा कि पेंशन संबंधी लंबित प्रकरणों की माह में एक बार नियमित समीक्षा की जाएगी, ताकि मामलों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित हो सके।
इसके अलावा जिलाधिकारी ने कोषागार के सभी कक्षों में नियमित स्वच्छता बनाए रखने तथा महत्वपूर्ण अभिलेखों को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और नियमानुसार संरक्षित रखने के निर्देश दिए।
इस अवसर पर मुख्य कोषाधिकारी नमिता सिंह, सहायक कोषाधिकारी अवधेश चंद्र, आशीष गोस्वामी सहित संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
