मुख्यमंत्री धामी ने 187 युवाओं को सौंपे नियुक्ति पत्र, कहा— जनसेवा ही होगी असली पहचान।

देहरादून, 3 जुलाई। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन में आयोजित कार्यक्रम में उत्तराखंड लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित पीसीएस मुख्य परीक्षा-2024 में चयनित 182 अभ्यर्थियों तथा कृषि एवं कृषक कल्याण विभाग में वैयक्तिक सहायक के पद पर चयनित 5 अभ्यर्थियों सहित कुल 187 युवाओं को नियुक्ति पत्र प्रदान किए।

मुख्यमंत्री ने नवचयनित अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि नियुक्ति पत्र केवल सरकारी सेवा में प्रवेश का दस्तावेज नहीं, बल्कि सवा करोड़ उत्तराखंडवासियों के विश्वास, अपेक्षाओं और जनसेवा के संकल्प का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक अधिकारी की पहचान उसके पद से नहीं, बल्कि उसकी कार्यशैली, संवेदनशीलता और जनसेवा के प्रति समर्पण से होगी।

उन्होंने बताया कि पीसीएस मुख्य परीक्षा-2024 के लिए लगभग डेढ़ लाख अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था, जिनमें से 71 हजार से अधिक परीक्षा में शामिल हुए और केवल 182 अभ्यर्थियों का चयन हुआ। मुख्यमंत्री ने इस सफलता को चयनित अभ्यर्थियों की प्रतिभा, अनुशासन, कठिन परिश्रम और दृढ़ संकल्प का परिणाम बताया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र में पद का अर्थ शासन करना नहीं, बल्कि जनता की सेवा करना है। राज्य सरकार सरलीकरण, समाधान, निस्तारीकरण और संतुष्टि के मंत्र के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने अधिकारियों से अपेक्षा की कि वे अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ पहुंचाना सुनिश्चित करें तथा दूरस्थ क्षेत्रों से आने वाले प्रत्येक नागरिक को सम्मानजनक और समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराएं।

उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार ने देश का सबसे कठोर नकल विरोधी कानून लागू किया है, जिससे युवाओं का विश्वास मजबूत हुआ है। मुख्यमंत्री के अनुसार बीते साढ़े चार वर्षों में राज्य सरकार 34 हजार से अधिक युवाओं को निष्पक्ष और पारदर्शी प्रक्रिया के माध्यम से सरकारी सेवाओं में नियुक्ति दे चुकी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य उत्तराखंड के प्रत्येक युवा को उसकी प्रतिभा और योग्यता के अनुरूप अवसर उपलब्ध कराना है, ताकि रोजगार के लिए उन्हें राज्य से बाहर न जाना पड़े। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार “पहाड़ का पानी और पहाड़ की जवानी” को राज्य के विकास की सबसे बड़ी शक्ति बनाने के लिए लगातार कार्य कर रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi ने बाबा केदार की पावन भूमि से 21वीं सदी के तीसरे दशक को उत्तराखंड का दशक बताया है। इस संकल्प को साकार करने में नवचयनित अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। उन्होंने अधिकारियों से विकसित उत्तराखंड के निर्माण के लिए ईमानदारी, निष्ठा और समर्पण के साथ कार्य करने का आह्वान किया।

मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि ईमानदारी और निष्पक्षता से कार्य करने वाले प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी के साथ राज्य सरकार पूरी मजबूती से खड़ी रहेगी। उन्होंने अधिकारियों से संविधान, कानून और जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए किसी भी प्रकार के दबाव से मुक्त होकर अपने दायित्वों का निर्वहन करने का आह्वान किया।

कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, धन सिंह रावत, रामसिंह कैड़ा सहित जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

By Janswar

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